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Sunday, 27 December 2020

अपना सौंदर्य बोध बढ़ाना है

नव कल्प
आज के दिन 
मुझे अपना सौंदर्य बोध बढ़ाना है
ये दुनिया बेहद खूबसूरत है
यहां हर चीज़ सुंदर है हर व्यक्ति सुंदर है, 
जो बाहर से सुंदर नहीं भी है तो भी
कोई न कोई गुण उसे सुंदर बनाने वाले होंगे 
उसकी भीतरी सुंदरता को तलाशना है
सौंदर्य बेहद प्रभावशाली शक्ति है
सौंदर्य अनुभूति हृदय को अच्छा महसूस कराती है,
मुझे अपने सौंदर्य बोध को किसी भी खांचे से मुक्त करना है 
सौंदर्य की अपनी परिभाषा और समझ को विस्तार देना है 
इस दुनिया में कुछ भी बदसूरत नहीं है 
सिर्फ सुंदरता की परख करने वाली आंखों की ज़रूरत होती है 
जो मुझे सुंदर लगे वही दूसरों को भी लगे 
ऐसा ज़रूरी नहीं, पर मेरी अपनी पसंद है
सुंदर की सुंदरता हर कोई देख सकता है
मुझे असुंदर में छिपा सौंदर्य पहचानना है 
इससे मेरी सकारात्मकता बढ़ेगी
मुझमें आशा, शुभत्व, मंगल की भावना बढ़ेगी, 
वैसे भी प्रकृति की बनाई किसी भी चीज़ को, 
किसी भी दूसरे व्यक्ति को 
असुंदर कहने का मुझे कोई हक नहीं है 
ये दुनिया बहुत सुंदर है और मुझे 
न केवल इसकी छिपी हुई खूबसूरती को सामने लाना है, 
बल्कि अपना जीवन ऐसे जीना है
ताकि जब मैं इस दुनिया से जाऊं तो ये दुनिया मेरे अस्तित्व के कारण और सुंदर हो चुकी हो।

@मन्यु आत्रेय

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