आपको जन्मदिन की शुभकामनायें!
आपकी देह का जन्मदिन चाहे जिस दिन भी पड़ता हो,
आज की सुबह अपना नया जन्मदिन मनाईये!
आज बिल्कुल नवजात शिशु की तरह प्यारे, मासूम और पवित्र हो जायें,
जीवन का हर दिन बाक़ी ज़िंदगी का पहला दिन होता है।
जब हम पैदा हुए थे तो हम दिव्य थे, अनंत संभावनायें हमारे साथ जुड़ी हुई थीं,
हम किसी साकार दुआ की तरह थे,
किन्हीं अंधेरों में रोशनी की पहली किरन की तरह थे
किसी डूबते के लिये बड़ा सहारा थे,
किसी की खुशियों का पारावार थे, एक स्वप्न साकार थे,
हमारा जन्म अखिल ब्रम्हांड के लिये एक बड़ी बात होने वाला था,
फिर धीरे धीरे संसार की आपा धापी में हम अपनी दिव्यता खोते गये,
हमारी शुचिता पर दुनियावी रंग चढ़ते गये,
हम जीवन को कुछ इस तरह से जीते चले गये कि भीतर नकारात्मकता बढ़ती चली गई,
ईर्ष्या, द्वेष, बैर, शत्रुता, हिंसा, भावनात्मक नाटक के चंगुल में फंस गये
महत्वाकांक्षाओं की गलाकाट प्रतिस्पर्धा में धंस गये,
हिसाब किताब के बाजार में बस गये,
यहाॅं तक कि अपने असली स्वरूप को जानने समझने को तरस गये,
सारी दुनिया को हमने समय दिया बस अपने आप को ही समय नहीं दे पाये
आज इन सबको तिलांजली देनी है, इनसे मुक्त होना है आज की सुबह,
अपने दिल को अपनी आत्मा को और अपने मन को ये वादा कीजिये कि
आज आप अपना नया जन्मदिन मनायेंगे।
आज आप उतने ही दैवीय और संभावनाशील बनेंगे जितने आप पैदा होते समय थे
आज आप अतीत के सारे दर्द, सारे नकारात्मक अनुभवों, सारी वेदना,
सारी तड़प सारी वंचनाओं से ऊपर उठने के लिये पहला क़दम बढ़ायेंगे।
आज का दिन अपने जीवन में समृद्धि, सफलता, अच्छा स्वास्थ्य, सम्मान
और संघर्ष में विजय की हजारों कीर्ति पताका फहराने का दिन है
ईश्वर को धन्यवाद देने का दिन है कि उन्होंने
आपकी जीवन यात्रा के अनुभव आपको देकर परिपक्व बनाया
आज आप अपनी शारीरिक अनुभूतियों की अनदेखी नहीं करेंगे,
अपनी प्रकृति के अनुसार चलेंगे, अपने व्यक्तित्व को
किसी भी बंधन से आज़ाद कर देंगे
आज आप किसी भी गैर जरूरी प्रतिस्पर्धा और संघर्ष के सांप को फन फैलाने नहीं देंगे
आज अपनी गैर वाजिब इच्छाओं के हिरन को कुलांचे मारने नहीं देंगे
आज दूसरों की हद से ज़्यादा परवाह करते हुए स्वयं के दमन का विषपान नहीं करेंगे
आज अपने शरीर, अपने मन, अपनी बुद्धि, अपनी आत्मा
और अपने पूरे अस्तित्व को गुणवत्ता वाला विश्राम देंगे
और इनका द्वंद्व मिटाने का प्रयास करेंगे
आज का दिन पूरे हृदय से खुश होंगे,
छोटी छोटी बातों में और छोटी छोटी घटनाओं में निहित बड़े आनंद को पहचानेंगे,
खुश होने का एक भी मौका नहीं छोड़ेंगे,
आशान्वित होने, सकारात्मक ऊर्जा से खुद को भरने के लिये हर संभव प्रयास करेंगे
आज के दिन अपने आराध्य से प्रार्थना करेंगे कि इस जीवन को
हम इस प्रकार से जीयें ताकि यह हमारी ओर से ब्रम्हांडीय शक्ति के लिये एक नज़राना हो जाये।
आज के दिन यह स्वीकार करेंगे कि हमारी
किसी से भी कोई तुलना नहीं हैं क्योंकि हम अद्वितीय हैं,
और हमारी अपनी जीवन यात्रा अपने आप में अद्वितीय है
आज का दिन उसी यात्रा का पहला कदम है
और हमें आगे का हर क़दम बोध के साथ रखना है
और अपने जीवन को सफल बनाना है।
हर रात सोने वाले लोगों में से बहुत से लोग सुबह का सूरज नहीं देख पाते,
और हर सुबह जागने वाले बहुत से लोग रात की कालिमा नहीं देख पाते,
हर अगले गुज़रते हुए लम्हे के साथ जिंदगी का एक अध्याय बंद हो जाता है
और हर अगले क्षण में जीवन का एक नया सर्ग प्रारंभ हो जाता है
इसलिये अपने हर दिन को एक नये जन्मदिन की तरह मनाना है।
@ मन्यु आत्रेय

Great thought 👌👌👌
ReplyDeleteBahut sundar lekh sir 👌👌👌👌💐💐💐
ReplyDeleteVeri nice sir💐💐💐🙏🙏
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